अवतल दर्पण क्या है ?

What is concave mirror ?

गोलीय दर्पण (Spherical Mirror): गोलीय दर्पण उस दर्पण को कहते हैं जिसकी परावर्तक सतह एक खोखले गोले का एक भाग होती है। गोलीय दर्पण प्रायः कांच के एक टुकड़े को रजतित (Silvered) कर बनाया जाता है।

ये दो प्रकार के होते हैं—अवतल दर्पण तथा उत्तल दर्पण।

अवतल दर्पण में एक परावर्तक सतह (reflective surface) होती है जो प्रकाश स्रोत से अंदर और दूर घुमावदार (curved) होती है। अवतल दर्पण प्रकाश को एक केंद्र बिंदु की ओर अंदर (inward) की ओर परावर्तित करते हैं l

  • बड़ी फोकस दूरी वाला अवतल दर्पण-दाढ़ी बनाने के काम में आता है। मनुष्य का चेहरा दर्पण के ध्रुव व फोकस के मध्य होता है, अत: उसका बड़ा और सीधा प्रतिबिम्ब बनता है l
  • डॉक्टर प्रकाश की किरणों को छोटे अवतल दर्पण से परावर्तित करके आंख, नाक, कान, गले में डालकर आन्तरिक भागों को स्पष्ट देखते हैं।
  • सर्चलाइटों में, मोटरकारों के हेडलाइटों, आदि में अवतल तथा परावलयिक दर्पणों का प्रयोग परावर्तकों के रूप में किया जाता है।
  • दूरबीनों में भी इसका उपयोग किया जाता है।

Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *