Nobel Prize 2022: स्‍वीडन के स्‍वांते पाबो को मेडिसिन का नोबेल (नोबेल पुरस्कार के बारे में जाने)

नोबेल प्राइज वीक 2022 (Nobel Prize) की शुरुआत हो गई है। स्वीडन की राजधानी स्टॉकहोम में आयोजित हो रहे वीक में सबसे पहले फिजियोलॉजी/मेडिसिन कैटि‍गरी में पुरस्‍कार का ऐलान किया गया। इस बार का मेडिसिन का नोबेल पुरस्कार स्वीडन के स्‍वांते पाबो (Svante Pääbo) को ‘‘विलुप्त होमिनिन और मानव विकास के जीनोम से संबंधित खोजों के लिए (Discoveries concerning the genomes of extinct hominins and human evolution)’ दिया गया है।  

द नोबेल कमि‍टी के सेक्रेटरी थॉमस पर्लमैन ने उनके नाम का ऐलान किया। इस साल के नोबेल पुरस्कार की घोषणा 3-10 अक्टूबर को की जा रही है | इस साल 5 अक्टूबर को केमिस्ट्री, 6 अक्टूबर को साहित्य, 7 अक्टूबर को नोबेल शांति और 10 अक्टूबर को इकोनॉमिक्स के लिए नोबेल का ऐलान किया जाएगा। नोबेल पुरस्कारों को व्यापक रूप से उनके संबंधित क्षेत्रों में उपलब्ध सबसे प्रतिष्ठित पुरस्कारों के रूप में माना जाता है

नोबेल फाउंडेशन ने 2020 और 2021 के विजेताओं के साथ दिसंबर में स्टॉकहोम में होने वाले नोबेल सप्ताह में 2022 के नोबेल पुरस्कार विजेताओं को आमंत्रित करने का भी फैसला किया है।

वेबसाइट – https://www.nobelprize.org/

Press Release – https://www.nobelprize.org/prizes/medicine/2022/press-release/

कौन हैं स्वांते पाबो (Svante Pääbo)

20 अप्रैल 1955 को स्‍वीडन के स्‍टॉकहोम में जन्‍मे स्‍वांते पाबो ने उप्‍साला यूनिवर्सिटी (Uppsala University) से अपनी पढ़ाई पूरी की। स्‍वांते एक जेनेटिसिस्ट (Geneticist) हैं और इवोल्यूशनरी जेनेटिक्स ( Evolutionary Genetics ) के क्षेत्र में एक्सपर्ट हैं। उन्होंने 1986 में उप्साला विश्वविद्यालय में अपनी पीएचडी थीसिस पूरी की | स्‍वांते पाबो ज्यूरिख विश्वविद्यालय, स्विट्जरलैंड और बाद में कैलिफोर्निया विश्वविद्यालय, बर्कले, यूएसए में पोस्टडॉक्टरल फेलो थे। वे 1990 में म्यूनिख विश्वविद्यालय, जर्मनी में प्रोफेसर बने। 1999 में उन्होंने जर्मनी के लीपज़िग में मैक्स प्लैंक इंस्टीट्यूट फॉर इवोल्यूशनरी एंथ्रोपोलॉजी (Max Planck Institute for Evolutionary Anthropology) की स्थापना की, जहा स्‍वांते अभी सेवाएं दे रहे हैं।  वह ओकिनावा इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी, जापान में सहायक प्रोफेसर के रूप में भी कार्यरत हैं।

DNA को लेकर भी उन्‍होंने काफी काम किया है। खास बात यह है कि स्‍वांते के पिता सुन बर्गस्‍ट्रॉमी (Sune Bergström) जो एक बायोकेमिस्‍ट थे उन्हें 1982 में नोबेल प्राइज मिला था |

अपने शोध के जरिए स्‍वांते पाबो ने विलुप्त होमिनिन से कई अतिरिक्त जीनोम अनुक्रमों (genome sequences) का विश्लेषण पूरा कर लिया है। पाबो की खोजों का इस्‍तेमाल वैज्ञानिक समुदाय द्वारा मानव विकास और प्रवास को बेहतर ढंग से समझने के लिए बड़े पैमाने पर किया जाता है। जीनोम सिक्‍वेसिंग के नए तरीकों से संकेत मिलता है कि अफ्रीका में होमो सेपियंस के साथ होमिनिन भी मिश्रित हो सकते हैं। 
Photo courtesy: https://www.nobelprize.org/prizes
पाबो के इस मौलिक शोध ने एक पूरी तरह से नए विज्ञान 'जीवाश्म विज्ञान' को जन्म दिया है । सभी जीवित मनुष्यों को विलुप्त होमिनिन से अलग करने वाले आनुवंशिक अंतरों को प्रकट करके, उनकी खोजों ने यह पता लगाने का आधार प्रदान किया कि क्या हमें विशिष्ट मानव बनाता है।

हम मनुष्य कहा से आये है ? Where do we come from?

मानव विकास के अध्ययन के लिए जीवाश्म विज्ञान और पुरातत्व महत्वपूर्ण हैं। अनुसंधान ने इस बात का सबूत दिया कि शारीरिक रूप से आधुनिक मानव, होमो सेपियन्स, लगभग 300,000 साल पहले पहली बार अफ्रीका में दिखाई दिए, जबकि हमारे सबसे करीबी रिश्तेदार, निएंडरथल, अफ्रीका के बाहर विकसित हुए और लगभग 400,000 साल से 30,000 साल पहले तक यूरोप और पश्चिमी एशिया में बसे हुए थे, जिस बिंदु पर वे विलुप्त हो गए। लगभग 70,000 साल पहले, होमो सेपियन्स के समूह अफ्रीका से मध्य पूर्व में चले गए और वहाँ से वे दुनिया के बाकी हिस्सों में फैल गए। होमो सेपियन्स और निएंडरथल इस प्रकार यूरेशिया के बड़े हिस्से में दसियों हज़ार वर्षों तक सहअस्तित्व में रहे। लेकिन हम विलुप्त निएंडरथल के साथ अपने संबंधों के बारे में क्या जानते हैं? सुराग जीनोमिक जानकारी से प्राप्त किए जा सकते हैं। 1990 के दशक के अंत तक, लगभग पूरे मानव जीनोम को अनुक्रमित कर दिया गया था। यह एक महत्वपूर्ण उपलब्धि थी, जिसने विभिन्न मानव आबादी के बीच अनुवांशिक संबंधों के बाद के अध्ययनों की अनुमति दी। हालांकि, वर्तमान मानव और विलुप्त निएंडरथल के बीच संबंधों के अध्ययन के लिए पुरातन नमूनों से बरामद जीनोमिक डीएनए की अनुक्रमण की आवश्यकता होगी।

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नोबेल पुरस्कार क्या है ? कैसे शुरुआत हुई नोबेल पुरस्कारों की

नोबेल पुरस्कार की 1895 में स्थापना हुई थी। पहली बार 1901 में नोबेल पुरस्कार दिए गए थे। अब तक 975 लोगों को नोबेल मिल चुका है। इसके अलावा संस्थानों को 609 नोबेल पुरस्कार दिए गए हैं। जिन क्षेत्रों में नोबेल दिया जाता है उनमें फिजिक्स (Physics), मेडिसिन (Physiology or Medicine), केमिस्ट्री (Chemistry), साहित्य (Literature), शांति (Peace) और अर्थशास्‍त्र शामिल हैं।

पुरस्कार समारोह प्रतिवर्ष होते हैं।  एक पुरस्कार तीन से अधिक व्यक्तियों के बीच साझा नहीं किया जा सकता है, यद्यपि नोबेल शांति पुरस्कार तीन से अधिक लोगों के संगठनों को प्रदान किया जा सकता है। यद्यपि नोबेल पुरस्कार मरणोपरांत नहीं दिए जाते हैं, यदि किसी व्यक्ति को पुरस्कार दिया जाता है और प्राप्त करने से पहले उसकी मृत्यु हो जाती है, तो पुरस्कार प्रदान किया जाता है।

नोबेल की स्थापना किसने की?

एक धनी स्वीडिश उद्योगपति और डाइनामाइट के आविष्कारक सर एल्फ्रेड नोबेल (Sir Alfred Nobel की वसीहत के आधार पर चिकित्सा, भौतिकी, रसायन शास्त्र, साहित्य और शांति क्षेत्र के नोबेल पुरस्कारों की स्थापना की गई थी। पहला नोबेल पुरस्कार वर्ष 1901 में सर एल्फ्रेड नोबेल के निधन के पांच साल बाद दिया गया था।

अल्फ्रेड नोबेल

अल्फ्रेड नोबेल का जन्म 21 अक्टूबर 1833 को स्टॉकहोल्म के स्वीडन में हुआ था। इनका तालुक्क एक अभियंता परिवार से था जो बहुत ही समृद्ध था। आप एक रसायनज्ञ, अभियंता व् अविष्कारक है। 1894 में आपने बेफोर्स आयरन और स्टील मील ख़रीदा जिसे आपने एक महत्वपूर्ण हथियार निर्माता का केंद्र बनाया तथा आपने बैल्लेस्टिक मिसाइलो का भी सफल परीक्षण किया।

अर्थशास्त्र का नोबेल

अर्थशास्त्र का नोबेल, जिसे आधारिक तौर पर ‘बैंक ऑफ स्वीडन प्राइज इन इकोनॉमिक साइंसेज इन मेमोरी ऑफ एल्फ्रेड नोबेल (एल्फ्रेड नोबेल की स्मृति में अर्थशास्त्र में बैंक ऑफ स्वीडन पुरस्कार)’, उसकी स्थापना एल्फ्रेड नोबेल की वसीहत के आधार पर नहीं हुई थी, बल्कि स्वीडन के केंद्रीय बैंक ने 1968 में इसकी शुरुआत की थी।

नोबेल पुरस्कार विजेताओं को पुरस्कार में क्या मिलता है?\

प्रत्येक क्षेत्र के नोबेल के तहत विजेताओं को एक स्वर्ण पदक और एक प्रमाणपत्र के साथ एक करोड़ क्रोनोर (लगभग नौ लाख डॉलर) की पुरस्कार राशि दी जाती है। विजेताओं का सम्मान हर साल 10 दिसंबर को किया जाता है। 1896 में 10 दिसंबर की तारीख को ही एल्फ्रेड नोबेल का निधन हुआ था।

1901 से 2021 तक अलग-अलग क्षेत्रों में कुल 609 बार नोबेल पुरस्कार प्रदान किए जा चुके हैं।

किसी प्रत्याशी को नोबेल पुरस्कार के लिय कौन नामित कर सकता है?

दुनियाभर में हजारों लोग नोबेल पुरस्कार के लिए नामांकन जमा करने के पात्र हैं। इनमें विश्वविद्यालयों के प्रोफेसर, कानूनविद, पूर्व नोबेल पुरस्कार विजेता और खुद नोबेल समिति के सदस्य शामिल हैं। हालांकि, नामांकन को 50 वर्षों तक गुप्त रखा जाता है, लेकिन जो लोग उन्हें जमा करते हैं, वे कभी-कभी सार्वजनिक रूप से अपनी सिफारिशों की घोषणा करते हैं, खासकर नोबेल शांति पुरस्कार के संबंध में।

नोबेल पुरस्कारों का नॉर्वे से क्या संबंध है?

नोबेल शांति पुरस्कार नॉर्वे में प्रदान किया जाता है, जबकि अन्य क्षेत्रों के पुरस्कार स्वीडन में दिए जाते हैं। ऐसा एल्फ्रेड नोबेल की इच्छा के आधार पर किया जाता है। इस इच्छा के पीछे की असल वजह तो स्पष्ट नहीं है, लेकिन एल्फ्रेड नोबेल के जीवनकाल में स्वीडन और नॉर्वे एक संघ का हिस्सा थे, जो 1905 में भंग हो गया था।

स्टॉकहोम स्थित नोबेल फाउंडेशन, जो पुरस्कार राशि का प्रबंधन करता है और ओस्लो स्थित शांति पुरस्कार समिति के बीच संबंध कई मौके पर तनावपूर्ण रहे हैं।

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