केसर बनाने के लिए पौधे का कौन सा हिस्सा उपयोग में लाया जाता है ?

ये सवाल अक्सर ही प्रतियोगी परीक्षाओं में पूछा जाता है और विकल्प कुछ इस तरह होते हैं –

  • पत्ता
  • पंखुड़ी
  • बाह्यफल
  • वर्तिकाग्र (स्टिग्मा)

उत्तर – केसर मसाला बनाने के लिए पौधे का वर्तिकाग्र प्रयोग में लाया जाता है

केसर का वानस्पतिक नाम क्रोकस सैटाइवस (Crocus sativus) है। अंग्रेज़ी में इसे सैफरन (saffron) नाम से जाना जाता है। यह इरिडेसी (Iridaceae) कुल का क्षुद्र वनस्पति है जिसका मूल स्थान दक्षिण यूरोप है। ‘आइरिस’ परिवार का यह सदस्य लगभग 80 प्रजातियों में विश्व के विभिन्न भू-भागों में पाया जाता है।

विश्व में केसर उगाने वाले प्रमुख देश हैं – फ्रांस, स्पेन, भारत, ईरान, इटली, ग्रीस, जर्मनी, जापान, रूस, आस्ट्रिया, तुर्किस्तान, चीन, पाकिस्तान के क्वेटा एवं स्विटज़रलैंड।

आज सबसे अधिक केसर उगाने का श्रेय स्पेन को जाता है, इसके बाद ईरान को। कुल उत्पादन का 80% इन दोनों देशों में उगाया जा रहा है, जो लगभग 300 टन प्रतिवर्ष है।